नियमितीकरण एवं लंबित मांगों को लेकर छत्तीसगढ़ की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं के द्वारा एक दिवसीय धरना प्रदर्शन
One day protest by Anganwadi workers and assistants of Chhattisgarh regarding regularization and pending demands
धमतरी : छत्तीसगढ़ में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकों द्वारा अपनी मांगों को लेकर एक दिवसीय हड़ताल किया गया. वही धमतरी जिले में भी हजारों आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकाओं के द्वारा एक दिवसीय हड़ताल किया है. सभी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका नियमितीकरण, वेतन एवं पेंशन सहित चार सूत्रीय प्रमुख मांगों को लेकर अपनी आवाज बुलंद किया है.
बता दे तहसील नगरी के नगर में बड़ी तादाद में रैली निकालकर कर केन्द्र व राज्य सरकार को जल्द से जल्द मांगों को पूरा करने जमकर नारेबाजी भी किया गया. सभी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकाओं ने एसडीएम कार्यालय पहुंचकर सरकार के नाम ज्ञापन सौंपते हुए मांगों को त्वरित करने की मांग रखा है.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/LEzQMc7v4AU8DYccDDrQlb
नगरी : धमतरी जिले के आदिवासी विकासखंड नगरी के आंगनबाड़ी केंद्रों में कार्यरत महिला कर्मियों ने राज्य एवं केंद्र सरकार के वादाखिलाफी के खिलाफ आठ सूत्रीय मांगों को लेकर हजारों की तादाद में इकठ्ठा होकर एक दिवसीय धरना प्रदर्शन कर अनुविभागीय अधिकारी को ज्ञापन सौंपा.
उल्लेखनीय है कि आँगनवाड़ी वर्कर और कार्यकर्ताओं के साथ सबसे बड़ी समस्या उनके मानदेय को लेकर है. जो वर्कर,सरकार के नजरिये से मात्र कुछ घंटे ही कार्य करती है. हकीकत में वो 10 घंटे से भी ज्यादा कार्य करती है। केंद्र व राज्य सरकार आंगनबाड़ी को किसी भी श्रेणी में नहीं मानती। इसी परिप्रेक्ष्य में ब्लाक के आंगनबाड़ी में कार्यरत महिलाएं अपने हक और अधिकार की लड़ाई लड़ने मजबूर हैं.
प्रमुख मांग
50 वर्षों से कार्यरत आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को नियमित करके शासकीय कर्मचारी घोषित किया जाए एवं शासकीय कर्मचारी घोषित करने तक आंगनवाड़ी कार्यकर्ता को 21 हजार और सहायिका को 17850 रुपए जीने लायक वेतन स्वीकृत किया जाए साथ ही वर्तमान में कार्यकर्ताओं को प्राप्त मानदेय 10 हजार का 85% राशि सहायिकाओं के लिए स्वीकृत किया जाए.
सेवानिवृत्ति पश्चात पेंशन ग्रेच्युटी 35 से 40 वर्ष विभाग की सेवा करने के बाद भी बुढ़ापे के समय जीवन यापन हेतु न तो कोई पेंशन मिल रहा है और नहीं एक मूस्त राशि इसके लिए कार्यकर्ताओं को 10 हजार और सहायिकाओं को 8 हजार मासिक पेंशन सहित बुढ़ापे में जीवन यापन के लिए कार्यकर्ता को 5 लाख और सहायिका को 4 लाख ग्रेज्युटी राशि प्रदान किया जाए,समूह बीमा योजना लागू करना भविष्य की सुरक्षा के लिए आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिका को समूह बीमा योजना में जोड़ने नीति निर्धारण किया जाए, कार्यकर्ता सहायिकाओं के आकस्मिक मृत्यु होने पर परिवार के एक सदस्य को अनुकंपा नियुक्ति दिया जाए एवं मानदेय को महंगाई भत्ता के साथ जोड़ कर महंगाई भत्ता स्वीकृत किया जाए,
वर्षों से अल्प मानदेय में कार्यरत आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिकाओं को पदोन्नति के पद रिक्त होने के बाद भी 50% का प्रतिबंध होने के कारण इन्हें इसका लाभ नहीं मिल रहा है 50% का बंधन को समाप्त कर कार्यकर्ता को बिना उम्र बंधन के वरिष्ठता क्रम में बिना परीक्षा के सुपरवाइजर के रिक्त पदों पर पदोन्नति किया जाए इसी तरह सहायिकाओं में भी 50% के बंधन को समाप्त कर शत प्रतिशत वरिष्ठता क्रम में कार्यकर्ता के पद पर पदोन्नति किया जाए सभी केंद्रों में गैस सिलेंडर और चूल्हा प्रदान किया जाए और इसकी नियमित रिफिलिंग की व्यवस्था सुगम बनाया जाए, महंगाई की इस दौर में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिका आर्थिक रूप से मानसिक रूप से परेशान है विभागीय काम के अलावा भी कई सारे काम हमसे काम लिया जाता है जिसके कारण विभाग की काम में बाधा उत्पन्न होती है उक्त सभी मांगों पर सहानुभूति पूर्वक विचार करते हुए शासन को अति शीघ्र इस पर निर्णय लेकर आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिकाओं की मांगों को शीघ्र पूरा करने की मांग किए हैं।
इस दौरान संघ की अध्यक्ष महेश्वरी साहू सचिव कमल साहू सीता साहू सदस्यगण कमलावती अनीशा जैत्री नेताम नंदनी साहू उमा देवी चंद्रकला उमेश्वरी सुलोचना हेमकुमारी दमयतींन साहू ओंकार सहित समस्त ब्लाक भर से आए हुए आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका उपस्थित थे.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/LEzQMc7v4AU8DYccDDrQlb
महासमुंद : जिला सहित पूरे छत्तीसगढ़ प्रदेश में संयुक्त मंच के बैनर तले आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने अपनी लंबित आठ सूत्री मांगों को लेकर एक दिवसीय हड़ताल पर बैठे हैं. आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के हड़ताल पर जाने विभाग के कई काम आज ढप हो गए हैं. रैली की शक्ल में पहुंचे हजारों कार्यकर्ताओं को कलेक्ट्रेट कार्यालय के सामने ही पुलिस ने रोक लिया. आक्रोषित आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने चक्काजाम कर दिया। तब कहीं जाकर जिला प्रशासन के अधिकारी मुख्य द्वार पर पहुंच कर ज्ञापन लिया.
हम आपको बता दें कि सुबह 10 बजे से स्थानीय पटवारी कार्यालय के सामने महासमुंद जिले आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएं अपनी मांगों लेकर केंद्र और राज्य सरकार पर जमकर हल्ला बोला. स्थानीय पटवारी कार्यालय के पास धरना प्रदर्शन कर दोपहर 3 बजे रैली की शक्ल में कलेक्ट्रेट पहुंच कर प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम अपना ज्ञापन सौंपा है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और राज्य सरकार को चेतावनी देते हुए कहा है कि उनकी मांगे जल्द पूरी नहीं हुई तो आगामी दिनों उग्र आंदोलन करने बाध्य होंगे.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/LEzQMc7v4AU8DYccDDrQlb



