गुरुघासीदास यूनिवर्सिटी में भगवान राम और महापुरुषों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी, FIR दर्ज, लॉ डिपार्टमेंट के 4 छात्र बनाए गए आरोपी

An FIR has been filed at Guru Ghasidas University for making objectionable comments against Lord Ram and other great men. Four students from the Law Department have been named as accused.

गुरुघासीदास यूनिवर्सिटी में भगवान राम और महापुरुषों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी, FIR दर्ज, लॉ डिपार्टमेंट के 4 छात्र बनाए गए आरोपी

बिलासपुर : गुरुघासीदास सेंट्रल यूनिवर्सिटी (GGV) में भगवान राम, डॉ. बीआर अंबेडकर और अन्य महान हस्तियों के खिलाफ की गई आपत्तिजनक टिप्पणी का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है. कोनी थाना क्षेत्र स्थित यूनिवर्सिटी परिसर में हुई इस घटना पर पुलिस ने बेहद सख्त रुख अपनाते हुए चार छात्रों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया है.
मिली जानकारी के मुताबिक यह पूरा बवाल हॉस्टल के छात्रों के एक व्हाट्सएप ग्रुप से शुरू हुआ. लॉ डिपार्टमेंट के कुछ छात्रों ने ग्रुप चैट के दौरान मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम के खिलाफ बेहद आपत्तिजनक और अमर्यादित शब्दों का प्रयोग किया. विवाद यहीं नहीं थमा, चैट में भगवान परशुराम और बाबा साहब अंबेडकर को लेकर भी अभद्र और विवादास्पद टिप्पणियां की गईं. जैसे ही इन चैट्स के स्क्रीनशॉट सोशल मीडिया और अन्य छात्रों के बीच पहुंचे. यूनिवर्सिटी कैंपस किसी ज्वालामुखी की तरह धधक उठा.
इस मामले को लेकर बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने यूनिवर्सिटी का घेराव कर प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. उन्होंने दोषी छात्रों पर सख्त कार्रवाई की मांग की. और धार्मिक भावनाओं को आहत करने का आरोप लगाया.
घटना के सार्वजनिक होते ही छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा. जिसके बाद यूनिवर्सिटी प्रबंधन ने इसे गंभीरता से लिया और पुलिस को लिखित शिकायत दर्ज कराई. पुलिस की कार्रवाई: चार छात्रों पर FIR यूनिवर्सिटी प्रशासन की शिकायत पर कोनी थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार छात्रों को नामजद आरोपी बनाया है.
आरोपी छात्रों की पहचान :
तूफानचंद्र नायक
अंशुमान सिंह
कौश्तुभमणि पांडे
प्रियांशु सिंह
पुलिस ने इन चारों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की कई गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है. दर्ज की गई धाराओं में 299, 196, 353(1C), 115 और 3(5) शामिल हैं.
धार्मिक भावनाओं को आहत करने का आरोप पुलिस अधिकारियों के मुताबिक यह मामला धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने और सार्वजनिक व्यवस्था बिगाड़ने की श्रेणी में आता है. शिकायत में साफ़ उल्लेख है कि छात्रों द्वारा किए गए आपत्तिजनक बयानों से न सिर्फ कैंपस का माहौल खराब हुआ है. बल्कि समाज के एक बड़े वर्ग की भावनाएं भी आहत हुई हैं.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/CvTzhhITF4mGrrt8ulk6CI?mode=gi_t