सरेंडर नक्सलियों को हर महीने दिए जाएंगे 10 हजार रुपये और मकान, साय कैबिनेट की आज होगी बैठक, लिए जा सकते हैं कई अहम फैसले

Surrendered Naxalites will be given 10 thousand rupees and a house every month, the cabinet will meet today, many important decisions can be taken

सरेंडर नक्सलियों को हर महीने दिए जाएंगे 10 हजार रुपये और मकान, साय कैबिनेट की आज होगी बैठक, लिए जा सकते हैं कई अहम फैसले

सरेंडर नक्सलियों को हर महीने दिए जाएंगे 10 हजार रुपये और मकान

रायपुर : छत्तीसगढ़ के गृहमंत्री विजय शर्मा ने रविवार को सरेंडर करने वाले नक्सलियों को कई सौगातें देने का ऐलान किया है उन्होंने कहा कि बस्तर के पांच जिलों में पुनर्वास केंद्र तैयार हो गए हैं. पुनर्वास केंद्रों में समर्पित नक्सलियों को स्किल डेवलपमेंट होगा. उनके रहने खाने की तीन सालों तक व्यवस्था रहेगी. समर्पित नक्सलियों को हर महिना 10 हजार दिए जाएंगे.
जो इनाम उनके ऊपर है वह राशि भी उन्हें दी जाएगी. जो हथियार लेकर आयेंगे. उस हथियार की संबंधित राशि दी जाएगी. समर्पित नक्सलियों को प्लॉट और पीएम आवास दिया जाएगा. नक्सलियों से आग्रह है बंदूक छोड़ सरेंडर करें. एक भी गोली सरकार नहीं चलना चाहती. बंदूक के दम पर विकास रोकना अब नहीं सहा जाएगा. बस्तर के युवा हथियार न उठाएं. इसलिए बस्तर के युवाओं को रायपुर भ्रमण की योजना जारी रहेगी.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/CvTzhhITF4mGrrt8ulk6C

साय कैबिनेट की आज होगी बैठक, लिए जा सकते हैं कई अहम फैसले

रायपुर : साय कैबिनेट की बैठक आज होगी. यह बैठक कल 3 बजे महानदी भवन में आयोजित होगी. जिसमें मुख्य बड़े फैसले लिए जा सकते हैं. बैठक की अध्यक्षता मुख्यमंत्री साय करेंगे.

सड़कों के संधारण के लिए राज्य में पीबीएमसी -ओपीआरएमसी होगा लागू, विभाग जल्द शुरू करेगा पायलेट प्रोजेक्ट

रायपुर : उप मुख्यमंत्री तथा लोक निर्माण मंत्री अरुण साव ने सड़क और सेतु कार्य की नवीन दर अनुसूची (SOR) का विमोचन किया. राज्य शासन के लोक निर्माण विभाग द्वारा 2015 से प्रचलित पुराने एसओआर को अद्यतन किया गया. नए एसओआर में नई मशीनरी और निर्माण की नई तकनीकों को भी शामिल किया गया. इनसे गुणवत्तापूर्ण कार्यों के साथ ही ठेकेदारों का वित्तीय जोखिम कम होगा. राज्य में 1 जनवरी 2025 से नया एसओआर लागू होगा. सड़कों के प्रभावी संधारण के लिए छत्तीसगढ़ में भी पी.बी.एम.सी./ओ.पी.आर.एम.सी. (Peformance Based Maintenance Contract/Output and Performance Based Maintenance Contract) लागू किया जाएगा. इसके लिए विभाग द्वारा जल्दी ही पायलेट प्रोजेक्ट शुरु किया जाएगा.
निर्माण कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने और उन्हें समय-सीमा में पूर्ण करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है. नए एसओआर के लागू होने के बाद इनमें और आसानी होगी. वर्तमान में प्रचलित एसओआर 1 जनवरी 2015 से लागू है. उस समय इसमें 2014 में प्रचलित श्रमिकों की दर, सामग्री की दर एवं मशीनरी की दर शामिल की गई थी. जिनमें अब दस साल के बाद बहुत ज्यादा बदलाव आ चुका है. नवीन दर अनुसूची वर्तमान में प्रचलित श्रमिकों की दर, सामग्रियों की दर और मशीनरी की दर के आधार पर तैयार किया गया है.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/CvTzhhITF4mGrrt8ulk6CI

PM मोदी ने की मन की बात

रायपुर : PM मोदी ने रविवार को मन की बात की. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा आयोजित बस्तर ओलंपिक-2024 की तारीफ की. पहली बार हुए बस्तर ओलंपिक से बस्तर में नई क्रांति जन्म ले रही है. मेरे लिए यह बहुत ही खुशी की बात है कि बस्तर ओलंपिक का सपना साकार हुआ. यह ओलंपिक उस क्षेत्र में हो रहा है. जो जगह कभी माओवादी हिंसा का गवाह रहा. बस्तर ओलंपिक का शुभंकर है. वनभैंसा और पहाड़ी मैना – इसमें बस्तर की समृद्ध संस्कृति की झलक दिखती है. इस बस्तर खेल महाकुंभ का मूलमंत्र है. ‘करसाय ता बस्तर, बरसाय ता बस्तर’ यानी खेलेगा बस्तर, जीतेगा बस्तर.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/CvTzhhITF4mGrrt8ulk6C