Entertainment News : ये फ़ोटो साल 1984 के दौरान की है, फ़िल्म 'यादों की जंजीर' रिलीस हुई थी...
Entertainment News : ये फ़ोटो साल 1984 के दौरान की है जब सुनील दत्त साहब और शशि कपूर की फ़िल्म 'यादों की जंजीर' रिलीस हुई थी साल 1984 की तारीख़ थी 7 मई ..हालांके ये मूवी फ़्लॉप साबित हुई थी चुके इस फ़िल्म की शूटिंग 70 के दशक के अंत मे शुरू हुई थी और इसके पूरा बन कर तैयार होने में पांच साल का लंबा समय लग गया..
Entertainment News : ये फ़ोटो साल 1984 के दौरान की है जब सुनील दत्त साहब और शशि कपूर की फ़िल्म 'यादों की जंजीर' रिलीस हुई थी साल 1984 की तारीख़ थी 7 मई ..हालांके ये मूवी फ़्लॉप साबित हुई थी चुके इस फ़िल्म की शूटिंग 70 के दशक के अंत मे शुरू हुई थी और इसके पूरा बन कर तैयार होने में पांच साल का लंबा समय लग गया.. फ़िल्म तो बन कर तैयार हो गई थी लेकिन इस के रिलीस होने में बहुत ज्यादा समय लग गया...'यादों की जंजीर' फ़िल्म के निर्देशक 'शीबू मित्रा' थे..
'शीबू मित्रा' की उसी साल 'इंतेहा' और 'राजा और राणा' फिल्में भी रिलीस हुई थी..'यादों की जंजीर' बेशक फ्लॉप साबित हुई लेकिन इस फ़िल्म की कहानी औऱ स्क्रीन प्ले अच्छा था.. इसी वजह से मूवी tv और VCR पर काफ़ी पसंद की गई थी..और 'शीबू मित्रा' की ये एक मात्र फ़िल्म थी जिसमे 'कादर खान' दिखाई दिए थे.. पता नहीं क्यों 'कादर खान' साहब बाद में शीबू की किसी भी फ़िल्म में दिखाई नहीं दिए थे..

इस फ़िल्म में सुनील दत्त के ओप्पोज़िट रीना रॉय ने काम किया था पहले रीना राय की जगह साल 1975 में आई 'जूली' मूवी फेम 'लष्मी' को लेना था उनसे बात भी हो गई थी लेकिन बाद में पता नहीं कैसे 'रीना रॉय' को इस फ़िल्म में कास्ट कर लिया गया शायद 'रीना राय' कई फिल्मों में सुनील दत्त के साथ काम कर चुकी थी इसीलिए उन्हें फ़िल्म में लिया गया हो...और शशि कपूर के साथ शबाना आजमी को लिया गया था..सुनील दत्त और शशि कपूर साल 1965 में रिलीस 'वक़्त' मूवी में सिल्वर स्क्रीन पर पहली बार दिखाई दिए थे..
और इसके बाद साल 1980 में आई फ़िल्म 'शान' और 'गंगा और सूरज' में भी दिखाई दिए थे..देर से रिलीस होने की वजह से 'यादों की जंजीर' इन दोनों की आख़री फ़िल्म बन कर रह गई..और इसके इलावा शबाना आजमी और रीना राय की भी ये मूवी आखरी मूवी बन कर रह गई..साल 1984 में कुल 163 फिल्में रिलीस हुई थी जिसमें पहले नंबर पर थी 'तोहफ़ा' फ़िल्म, दूसरे नंबर पर रही 'मकसद' और तीसरे नंबर पर रही 'शराबी' और चौथे पर 'मशाल' और पांचवे नंबर पर 'धर्म और कानून' थी..
और 'यादों की जंजीर' मूवी टॉप 20 फिल्मों की लिस्ट से भी बाहर रही.. हिट फिल्मों की तो सभी बात करते हैं मैंने सोचा आज एक फ़्लॉप मूवी की बात करते हैं.. देखते हैं आपको कैसा लगता है.. तो कृपया बताईएगा ज़रूर के ये जानकारी आपको केसी लगी..



