निर्माणाधीन स्टील प्लांट में दर्दनाक हादसा, काम के दौरान ऊंचाई से गिरकर मजदूर की हुई मौत, इलाके में शोक और आक्रोश का माहौल
A tragic accident occurred at an under-construction steel plant, where a worker fell from a height and died, leaving the area in mourning and anger.
बलौदाबाजार : बलौदाबाजार जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम खजरी ढाबाडीह स्थित निर्माणाधीन अनिमेष स्टील प्लांट में मंगलवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया. प्लांट में काम कर रहा एक मजदूर ऊंचाई से गिर पड़ा. जिससे उसकी मौके पर ही हालत नाजुक हो गई. घायल हालत में उसे इलाज के लिए रायपुर रेफर किया गया. लेकिन अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. इस हादसे के बाद इलाके में शोक और आक्रोश का माहौल है.
मिली जानकारी के मुताबिक ग्राम कोयलारी का निवासी तोष कुमार धुव उम्र 27 साल प्लांट में ऊंचाई पर निर्माण काम कर रहा था. इसी दौरान अचानक उसका संतुलन बिगड़ गया और वह नीचे गिर गया. गिरने से उसे गंभीर अंदरुनी चोटें आईं. जिसके चलते उसकी जान नहीं बच सकी. मृतक की पत्नी है. हालांकि दंपति के कोई संतान नहीं है. हादसे की खबर मिलते ही परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे. जहां माहौल गमगीन हो गया.
स्थानीय सूत्रों के मुताबिक हादसे के वक्त मजदूर जिस जगह पर काम कर रहा था. वहां सुरक्षा उपकरणों की पर्याप्त व्यवस्था थी या नहीं. इसे लेकर सवाल उठ रहे हैं. प्रारंभिक जानकारी में यह बात सामने आई है कि ऊंचाई पर काम करने के दौरान सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन नहीं किया जा रहा था. इस घटना ने एक बार फिर निर्माण स्थलों पर मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
इस हादसे के बाद अन्य मजदूरों में भी भारी रोष देखा गया. मजदूरों का कहना है कि प्लांट में सुरक्षा नियमों को लेकर अक्सर लापरवाही बरती जाती है. ऊंचाई पर काम करने वाले मजदूरों के लिए सेफ्टी बेल्ट, हेलमेट और अन्य जरुरी उपकरणों की व्यवस्था कागजों में तो होती है. लेकिन जमीनी स्तर पर इनका सही ढंग से उपयोग नहीं कराया जाता है.
मजदूरों ने मांग किया कि भविष्य में इस तरह की घटनाएं न हों. इसके लिए ठोस कदम उठाए जाएं. सूत्रों से यह भी जानकारी मिली है कि मृतक के परिजनों और कंपनी प्रबंधन के बीच एक समझौता हुआ है. इस कथित समझौते के तहत मृतक के परिवार के एक सदस्य को स्थाई नौकरी देने, मृतक की पत्नी को पेंशन देने और सहायता राशि के रुप में करीब 21 लाख रुपये प्रदान करने का प्रस्ताव रखा गया है. हालांकि इस समझौते की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और न ही कंपनी प्रबंधन की तरफ से कोई लिखित बयान सामने आया है.
घटना की खबर मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरु कर दी. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि हादसे के कारणों की विस्तृत जांच की जा रही है. अगर जांच में यह पाया जाता है कि सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन नहीं किया गया या कंपनी प्रबंधन की ओर से लापरवाही बरती गई है. तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.
इस हादसे के बाद आसपास के ग्रामीणों और मजदूर संगठनों में भी चिंता देखी जा रही है. लोगों का कहना है कि जिले में लगातार औद्योगिक गतिविधियां बढ़ रही हैं. लेकिन मजदूरों की सुरक्षा को लेकर पर्याप्त गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है. प्रशासन से मांग की जा रही है कि ऐसे निर्माण स्थलों पर नियमित जांच हो और सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन कराया जाए. ताकि भविष्य में किसी परिवार को इस तरह का दर्द न झेलना पड़े.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/LEzQMc7v4AU8DYccDDrQlb?mode=ac_t



