हेलिकॉप्टर से प्रयागराज दर्शन के नाम पर महाकुंभ में ठगी, पवन हंस के नाम पर चल रहा रैकेट, जानिए जालसाजों से कैसे बचे
Fraud in Maha Kumbh in the name of Prayagraj Darshan by helicopter, racket running in the name of Pawan Hans, know how to avoid fraudsters
प्रयागराज महाकुंभ की दिव्य और भव्य शुरुआत हो चुकी है. पहले 2 राजसी स्नानों में करोड़ों लोग श्रद्धा की डुबकी लगा चुके हैं. इसमें ठग भी सक्रिय हो चुके हैं. महाकुंभ में सुविधाओं की बुकिंग के नाम पर ठग लोगों की गाढ़ी कमाई लेकर छू-मंतर हो रहे हैं. पुलिस लोगों को सावधान कर रही है. इसके बावजूद ठग बाज नहीं आ रहे हैं. वो नई-नई तरकीबें अपना रहे हैं. इसी में से एक है हेलीकॉप्टर बुकिंग के नाम पर ठगी.
दरअसल महाकुंभ मेले में हेलीकॉप्टर द्वारा प्रयागराज के हवाई दर्शन की सुविधा भी उपलब्ध है. इसके लिए महज 1296 रुपए प्रति व्यक्ति का रेट तय हुआ है. अब हेलीकॉप्टर बुकिंग के नाम पर ठगी भी हो रही है. इसी कड़ी में असम के मंदिर कनकधारा लक्ष्मी मंदिर के ज्योतिषाचार्य से हो गई. उनसे प्रयागराज में हेलीकॉप्टर से महाकुंभ दर्शन के नाम पर 5184 रुपए ठग लिए गए.
अपने साथ ठगी का ब्यौरा देते हुए ज्योतिषाचार्य ने बताया कि वो कुंभ मेला क्षेत्र के सेक्टर-24 स्थित अपने कैंप में थे. जहाँ एक व्यक्ति आया. उसने कहा कि हेलीकॉप्टर से कुंभ के दर्शन हो सकते हैं. इसके बाद उसने अपने नेटवर्क के अंकित वर्मा नाम के व्यक्ति का नंबर दिया. उस नंबर पर चैट के जरिए संपर्क किया तो उसने उनके डॉक्यूमेंट्स मंगाए. इसके बाद उसने उसके बाद ठग ने उनसे ऑनलाइन पेमेंट भेजने की बात कही. उन्होंने 2 लोगों की बुकिंग के लिए उसके दिए नंबर पर 5184 रुपए भेज दिया. ये खाता नंबर राजीब मल्ला के नाम पर था.
इसके बाद ठग ने उनसे इंतजार करने के लिए कहा. उन्हें ठग ने मीठी बातों में फंसाकर भरोसे में ले लिया था. ऐसे में उन्हें कोई शक नहीं हुआ. लेकिन थोड़ी देर बाद ठगों का नंबर बंद आने लगा. जिसके बाद उन्होंने पुलिस से संपर्क किया. तब जाकर उन्हें अपने साथ हुई ठगी का पता चला. उन्होंने लोगों से भी सावधान रहने की अपील की है.
इस मामले में पीड़ित की ओर से पुलिस में शिकायत भी दर्ज कराई गई. शिकायत ऑनलाइन दर्ज कराई गई है. जिस पर पुलिस एक्शन ले रही है. बहरहाल जब इस मामले में ऑपइंडिया ने पड़ताल की तो कुछ तथ्य निकल कर सामने आए..
1- ठग पवन हंस नाम की कंपनी का नाम ठगी में इस्तेमाल कर रहे हैं.
2- निजी नंबरों-यूपीआई आईडी पर पेमेंट ले रहे हैं.
3- पेमेंट लेने के बाद वो ठगी के शिकार लोगों को ब्लॉक कर गायब हो जा रहे हैं.
ज्योतिषाचार्य पंडित विष्णु प्रसाद उपाध्याय ठगी मामले में पीड़ित की तरफ से ठगों के 2 नंबर 7042796908 और 8336871326 उपलब्ध कराए गए. उनके द्वारा साझा किए गए नंबरों पर वॉट्सऐप कॉलिंग हो रही थी. ऑपइंडिया ने जब ठग से संपर्क किया तो उसने बेहद सधी आवाज में प्रतिक्रिया दी. ठग से हेलीकॉप्टर बुकिंग के बारे में सवाल किया गया. तो उसने खुद को पवन हंस प्राइवेट लिमिटेड से जुड़ा बताया.
ठग ने बुकिंग के पैसों के बारे में पूछने पर सरकारी रेट यानी कि 1296 रुपये प्रति व्यक्ति बताए और बुकिंग के लिए पैसे ऑनलाइन भेजने के लिए कहा. हालाँकि जब हमने उससे ज्योतिषाचार्य से पैसे लेने की बात कही. और बदले में सेवा देने की जगह फोन बंद करने करने की बात कही. वैसे ही ठग ने फोन फौरन काट दिया और नंबर को ब्लॉक कर दिया. ठग की वॉट्सऐप प्रोफाइल पर पवन हंस के हेलीकॉप्टर का फोटो लगा हुआ है और नीचे प्रोफाइल में कंपनी का नाम (पवन हंस प्रा.लि.) भी दिया गया है.
आपको बता दें कि पवन हंस नाम की कंपनी अभी कोई सेवा नहीं दे रही है. उसकी हेलीकॉप्टर सेवा की बुकिंग भी अभी नहीं शुरु हुई है. बल्कि ये 16 जनवरी से शुरु होनी है. पवन हंस अपनी सेवाओं की शुरुआत 20 जनवरी से करेगी. ऐसा उसके आधिकारिक वेबसाइट पर बताया गया है. ऐसे में साफ है कि पवन हंस की सेवा शुरु होने से पहले ही ठग उसके नाम पर ठगी पर उतर चुके हैं.
प्रयागराज महाकुंभ में साइबर फ्रॉड से ऐसे बच सकते हैं आप
रिपोर्ट्स के मुताबिक साइबर क्रिमिनल्स की ओर से सस्ते दामों पर होटल, धर्मशाला, टेंट सिटी और कॉटेज बुकिंग जैसी सुविधाओं के नाम पर ठगने की कोशिश हो रही है. ऐसे में आप भी महाकुंभ आ रहे हैं तो कुछ बातों का विशेष ध्यान रखें. इसके लिए साइबर क्राइम मुख्यालय की तरफ से एडवाइजरी भी जारी की गई है. श्रद्धालुओं के लिए कई अन्य अहम जानकारियाँ ऑनलाइन भी दी जा रही हैं. कुंभ के लिए विशेष वेबसाइट www.Kumbh.gov.in का भी निर्माण किया गया है. तो चैटबॉक्स और दुसरे जरिए से भी उनकी मदद की जा रही है.
मेले में किसी भी तरह के फर्जीवाड़े से बचे रहने के लिए महाकुंभ पुलिस ऐप को डाउनलोड कर लें. किसी भी संभावित खतरे से बचे रहने के लिए समाचार और अलर्ट पर ध्यान दें. अगर मेले में किसी फर्जी वेबसाइट, ऐप या सोशल मीडिया अकाउंट की जानकारी मिले तो फौरन इसकी शिकायत करें. पुलिस ने कहा है कि अगर कोई व्यक्ति साइबर क्राइम का शिकार होता है. तो वो नेशनल हेल्पलाइन 1930 या साइबर क्राइम की रिपोर्ट के लिए अधिकृत वेबसाइट www.cybercime.gov.in पर भी शिकायत दर्ज करा सकता है. इसके अलावा यूपी पुलिस की यूपीकॉप ऐप के जरिए भी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/CvTzhhITF4mGrrt8ulk6CI



