महाराष्ट्र चुनाव से पहले बीजेपी नेता विनोद तावड़े पर पैसे बांटने का आरोप, 5 करोड़ का दावा, 9.5 लाख कैश बरामद!, जांच की मांग
BJP leader Vinod Tawde accused of distributing money before Maharashtra elections claim of Rs 5 crore 9 lakh cash recovered demand for investigation
मुंबई : महाराष्ट्र की 288 विधानसभा सीटों पर आज वोटिंग हो रही है और एक दिन पहले एक खबर ने बवाल मचा दिया. जहां पीएम मोदी भष्ट्राचार मुक्त का नारा देते हैं. जनसभाओं में देश के भ्रष्ट नेताओं पर कार्रवाई की बात करते हैं. खुद महाराष्ट्र में बीजेपी के नेता विनोद तावड़े पर विरार के विवांता होटल में पैसे बांटने का आरोप लगा है. उन्हें मुंबई के होटल में विपक्षी पार्टी बहुजन विकास अघाड़ी के कार्यकर्ताओं ने घेर लिया है. कार्यकर्ताओं का आरोप है कि तावड़े 5 करोड़ रुपए लेकर यहां बांटने के लिए आए थे.
वोटिंग से एक दिन पहले महाराष्ट्र की सियासत में 'नोट के बदले वोट' कांड को लेकर बवाल मच गया है. बीजेपी के दिग्गज नेता और राष्ट्रीय महासचिव विनोद तावड़े पर 5 करोड़ रुपए कैश बांटने का आरोप लगा है. ये आरोप बहुजन विकास पार्टी से उम्मीदवार हितेंद्र ठाकुर और क्षितिज ठाकुर ने लगाया है.
जानकारी के मुताबिक महाराष्ट्र की नालासोपारा विधानसभा सीट से उम्मीदवार हितेंद्र ठाकुर के बेटे क्षितिज ठाकुर को कथित तौर पर खबर मिली कि विरार के विवांता होटल में बीजेपी के सीनियर नेता 5 करोड़ रुपए कैश लेकर आए हैं. ये पैसा वोटरों में बांटा जा रहा है. इसके बाद क्षितिज ठाकुर और उनके कार्यकर्ता होटल पहुंच गए और विनोद तावड़े को घेर लिया. इसके बाद बवाल मच गया.
विनोद तावड़े के पास से एक डायरी भी मिली है. जिसमें नोट के बदले वोट का पूरा हिसाब लिखा हुआ है. बहुजन विकास अघाड़ी के कार्यकर्ता इस डायरी को भी दिखा रहे हैं. बाद में अधिकारियों को 9.5 लाख कैश भी मिला. बहुजन विकास अघाड़ी ने ये भी आरोप लगाया कि होटल के मैनेजर ने सीसीटीवी रिकॉर्डिंग बंद कर दी थी.
कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में इन आरोपों की जांच की मांग की. कांग्रेस नेता पृथ्वीराज चाव्हाण ने कहा कि विनोद तावड़े भाजपा के वरिष्ठ नेता है. उनका इस तरह पैसे बांटते हुए पकड़े जाना दुर्भाग्यपूर्ण है. सुप्रीम कोर्ट को इस मामले में स्वत: संज्ञान लेते हुए सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में इस मामले की जांच करनी चाहिए.
तावड़े ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया और खुद को हमेशा से पारदर्शिता के पक्ष में बताया. भाजपा ने कहा कि इस तरह के बेबुनियाद आरोपों को स्वीकार नहीं कर सकती है.
बीवीए विधायक ने आरोप लगाया कि जिस होटल में तावड़े रुके थे. उसने सीसीटीवी रिकॉर्डिंग बंद कर दी थी. उन्होंने कहा कि ऐसा लगता है कि होटल प्रशासन तावड़े और बीजेपी के साथ मिला हुआ है. हमारे अनुरोध के बाद ही उन्होंने अपना सीसीटीवी चालू किया. तावड़े मतदाताओं को बरगलाने के लिए पैसे बांट रहे थे. इस घटना का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है. जिसमें तावड़े और बीवीए नेताओं के बीच कहासुनी होती नजर आ रही है.
शिवसेना सांसद संजय राउत ने कहा कि बीजेपी की पोल खुल गई है. ठाकुर ने वही किया जो चुनाव आयोग को करना चाहिए था. चुनाव आयोग के अधिकारी हमारे बैग की तलाशी लेते हैं. और हमारी जांच करते हैं. फिर भी बीजेपी के इन लोगों की ऐसी कोई जांच नहीं होती है.
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सोशल मीडिया वेबसाइट एक्स पर पोस्ट कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सवाल पूछा है. मोदी जी, यह पांच करोड़ किसके सेफ़ से निकला है? जनता का पैसा लूटकर आपको किसने टेम्पो में भेजा?”
कांग्रेस की प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने एक प्रेस कॉन्फ़्रेंस में कहा है, "हमने महाराष्ट्र में पूरे चुनाव में सत्ता और संसाधनों का दुरुपयोग करते हुए बीजेपी, उनके घटक दलों और महाझूठी सरकार को देखा है. अब बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव पैसे बांटते हुए रंगे हाथों पकड़े गए हैं. सवाल ये है कि चुनाव आयोग अब क्या करेगा?"
वहीं, शिवसेना उद्धव बालासाहेब ठाकरे गुट के नेता संजय राउत ने कहा, "बीजेपी की योजना खत्म हो गई है. ठाकुर (क्षितिज ठाकुर) ने वो किया जो चुनाव आयोग को करना चाहिए था. चुनाव आयोग के अधिकारी हमारे बैग चेक करते हैं, लेकिन बीजेपी के इन लोगों की कोई जांच नहीं होती."
होटल में हंगामे के बाद बहुजन विकास अघाड़ी के नेता हितेंद्र ठाकुर ने पत्रकारों से कहा, “यहां पर इलेक्शन कमिश्नर को पैसे मिले हैं, उनको डिक्लेयर कर देने दो कितने पैसे बंटे हैं क्योंकि बैग में डायरियां हैं और उसमें नाम लिखे हैं. बीजेपी के एक नेता ने मुझे बताया था कि वो (विनोद तावड़े) पांच करोड़ रुपये लेकर आने वाले थे. मुझे प्रेस कॉन्फ़्रेंस की भी अनुमति नहीं है. प्रशासन का दबाव है और चुनाव आयोग भी दबाव में काम करती है इसलिए मुझे उम्मीद नहीं है.”
इस हंगामे के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं जिसमें कई लोग नोट लहरा रहे हैं. महाराष्ट्र राज्य चुनाव आयोग ने बताया है कि इस मामले में अलग-अलग धाराओं में मामले दर्ज किए जा रहे हैं. वहीं महाराष्ट्र पुलिस ने बताया है कि इस मामले में दो एफ़आईआर दर्ज की गई हैं.
महाराष्ट्र में बीजेपी 149 सीट, शिंदे गुट 81 सीट, अजित पवार गुट 59 सीटों पर चुनाव लड़ रही है, जबकि महाविकास अघाड़ी में कांग्रेस 101 सीट, उद्धव गुट 95 सीट, शरद पवार गुट 86 सीट पर चुनाव लड़ रही है. चुनाव के परिणाम 23 नवंबर को घोषित किए जाएंगे.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/CvTzhhITF4mGrrt8ulk6CI
एनसीपी (एससीपी) के नेता क्लाइड क्रेस्टो ने कहा , "ये एक बहुत गंभीर अपराध है. चुनाव लोकतंत्र का हिस्सा है जो जनता की आवाज़ है और विनोद तावड़े जनता की आवाज़ को खरीदने की कोशिश कर रहे हैं. मैं मानता हूं कि एफ़आईआर दर्ज की जा चुकी होगी, लेकिन ये यहीं नहीं रुकना चाहिए. अगर उन्होंने अपराध किया है तो उन्हें गिरफ़्तार किया जाना चाहिए."



