तीज पर्व की खुशियों के बीच दर्दनाक हादसा, घुरवा के 10 फीट गहरे गड्ढे में डूबने से ढाई वर्षीय मासूम की मौत, पसरा मातम, लापरवाही पर कार्रवाई की मांग

Tragic accident amidst Teej festivities: 2½-year-old child drowns in a 10-foot-deep manure pit; mourning prevails, and demands are raised for action against negligence.

तीज पर्व की खुशियों के बीच दर्दनाक हादसा, घुरवा के 10 फीट गहरे गड्ढे में डूबने से ढाई वर्षीय मासूम की मौत, पसरा मातम, लापरवाही पर कार्रवाई की मांग

दुर्ग : गुण्डरदेही क्षेत्र में तीज पर्व की खुशियों के बीच एक दर्दनाक हादसे से गांव में मातम छा गया. रनचिरई थाना क्षेत्र के ग्राम झोपरा में पानी से भरे घुरवा यानी कम्पोस्ट गड्ढे में गिरने से ढाई साल के मासूम रुद्राक्ष नेटी की मौत हो गई. हादसे के बाद परिवार में शोक का माहौल है. वहीं ग्रामीण भी इस हादसे से स्तब्ध हैं.
मिली जानकारी के अनुसार रुद्राक्ष अपने घर के आंगन के पास खेल रहा था. खेलते-खेलते वह घर से कुछ दूरी पर स्थित एक घुरवा के पास पहुंच गया और पानी से भरे गड्ढे में गिर गया. बताया गया है कि गड्ढे में बारिश का पानी जमा था. हादसे के बाद परिजनों को घटना की जानकारी हुई. जिसके बाद उन्होंने इसकी खबर पुलिस को दी. पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जरुरी कार्रवाई शुरू की.
परिजनों ने इस हादसे के लिए गांव के ही एक ग्रामीण पर लापरवाही का आरोप लगाया है. उनका कहना है कि घर के पास ही गहरा गड्ढा खोदा गया था. लेकिन उसकी सुरक्षा के लिए न तो पर्याप्त घेराव किया गया और न ही उसे ढकने की व्यवस्था की गई. परिजनों के मुताबिक उन्होंने पहले भी संबंधित ग्रामीण से गड्ढे को ढकने या उसके चारों तरफ सुरक्षा के इंतजाम करने का आग्रह किया था. हालांकि, उनके आरोप के मुताबिक इस पर ध्यान नहीं दिया गया.
मासूम की मौत के बाद परिजनों और ग्रामीणों में नाराजगी है. परिजनों ने पुलिस और प्रशासन से मामले की जांच कर कथित लापरवाही के लिए जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है. ग्रामीणों का कहना है कि आबादी वाले इलाके और घरों के आसपास खुले या पानी से भरे गहरे गड्ढे हादसे की वजह बन सकते हैं. इसलिए ऐसे स्थानों पर सुरक्षा के इंतजाम जरूरी है.
हादसे की खबर मिलने के बाद रनचिरई पुलिस मौके पर पहुंची. पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई पूरी करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा. इसके साथ ही पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है. पुलिस हादसे के हालात और परिजनों की तरफ से लगाए गए लापरवाही के आरोपों की जांच कर रही है.
इस हादसे ने ग्रामीण क्षेत्रों में घरों के आसपास खुले गड्ढों और जलभराव वाले स्थानों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं. बारिश के मौसम में ऐसे गड्ढों में पानी भर जाने से बच्चों के लिए जोखिम बढ़ सकता है. ग्रामीणों ने मांग किया कि गांव में ऐसे खुले और असुरक्षित गड्ढों को चिन्हित कर उन्हें ढकने या सुरक्षित तरीके से घेरने की व्यवस्था की जाए. ताकि भविष्य में इस तरह की घटना दोबारा न हो.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/CvTzhhITF4mGrrt8ulk6CI?