आरक्षक साले के बैंक अकाउंट में जमा करा रहा गांजा तस्करी का पैसा, बनवाया मकान, खरीदी लक्जरी गाड़ियां, आरोपियों की डेढ करोड़ों की संपत्ति फ्रीज

Constable is depositing ganja smuggling money in brother-in-law's bank account, built house, bought luxury cars, property worth Rs. 1.5 crores of accused is frozen

आरक्षक साले के बैंक अकाउंट में जमा करा रहा गांजा तस्करी का पैसा, बनवाया मकान, खरीदी लक्जरी गाड़ियां, आरोपियों की डेढ करोड़ों की संपत्ति फ्रीज

बिलासपुर : पुलिस टीम  ने ’इण्ड-टू-इण्ड’*’ कार्यवाही के बाद सालों से गांजा तस्करी को अंजाम देने वाले आरोपियों को जेल दाखिल कराया है. इसी कड़ी में पुलिस कप्तान रजनेश सिंह के विशेष प्रयास से गांजा तस्करी के रुपयों से बनायी गई आरोपिोयं की सम्पत्ति को सफेमा कोर्ट मुम्बई ने राजसात का आदेश दिया है. कोर्ट के आदेश पर पुलिस टीम ने आरोपियों की बिलासपुर समेत कोरबा अन्य स्थानों पर बनायी गयी सम्पत्ति को अधिकारिक रुप से अपने कब्जे में लिया है. बरामद सम्पत्ति में आलीशान मकान के अलावा लक्जरी गाड़ियां भी शामिल हैं.
पुलिस कप्तान रजनेश सिंह ने बताया कि 23 दिसम्बर 24 को जी.आर.पी. थाना पुलिस ने कार्रवाई कर योगेश सोंधिया, रोहित  द्विवेदी के कब्जे से 20 किलो गांजा बरामद किया. इस मामले में आरोपियों के खिलाफ जीआरपी थाना में एनडीपीएस धारा 20 (बी) के तहत जुर्म दर्ज किया गया.
पुलिस कप्तान ने कहा कि जांच के दौरान जीआरपी पुलिस को जानकारी मिली कि थाना  में कार्यरत आरक्षक लक्ष्मण गाईन, मन्नु प्रजापति, संतोष राठौर और सौरभ नागवंषी गांजा तस्करी के अवैध कारोबार में शामिल हैं. आरोपी आरक्षकों ने बताया कि ट्रेन में गांजा पकड़ने के बाद बेचने के लिए योगेश उर्फ गुड्डु और श्यामधर उर्फ छोटु को दिया जाता था.
जगह जगह टीम ने मारा छापा
चारो आरोपी आरक्षक ट्रेन मेे पेट्रोलिंग के समय महासमुंद, रायपुर, दुर्ग, गोंदिया, चांपा, सक्ति, रायगढ समेत अन्य जग  जाते समय अपने साथ गुड्डु उर्फ योगेश सोंधिया और छोटू उर्फ श्यामधर चौधरी को साथ में लेकर जाते थे. ट्रेन में चेकिंग के दौरान गांजा बरामद होेने पर छोटू और गुड्डु के माध्यम से बुलाये गये व्यक्तियों को ट्रेन में ही गांजा की सप्लाई कर देते थे. जानकारी के बाद गिरफ्तार सभी आरोपियो को न्यायालय के हवाले कर चालान पेश किया गया.
सफेमा कोर्ट ने सुनाया राजसात का फरमान
 पुलिस कप्तान ने बताया कि फायननेंशियल इन्वेस्टिगेषन और ’’इण्ड-टू-इण्ड कार्यवाही’  में आरोपी आरक्षको की गांजा तस्करी से अर्जित संपत्ति का पता लगाया गया।  बेनामी बैंक खातो में आनलाइन जमा किए रूपयों की जांच पड़ताल की गयी।  जांच पड़ताल के दौरान पाया गया कि आरोपियो ने गांजा की तस्करी कर करोडों रूपयों की चल-अचल संपत्ति बनाया है। लक्जरी वाहन भी खरीदा है। एनडीपीएस एक्ट के तहत मामले में सफेमा कोर्ट मुम्बई को प्रतिवेदन भेजा गया। न्यायालय साफेमा मुम्बई कोर्ट ने आरोपियों की सम्पत्ती राजसात करने का फरमान सुनाया है
आरोपियों की सपंत्ति का विवरण
1 लक्षमण गाईन एवं श्रीमती कृष्णा गाईन – मौजा सिरगिट्टी तहसील बिल्हा न.प. सिरगिट्टी वार्ड क्र. 07 में 1600 वर्गफुट भुखण्ड जिस पर मकान बना है. अनुमानित बाजार मुल्य करीब 50 लाख रुपये
02 संतोष राठौर – मौजा फरसवानी तह. करतला जिला कोरबा 5232 वर्गफीट भुखण्ड अनुमानित बाजार मूल्य करीब 10 लाख रुपये
3 मन्नू प्रजापति – मौजा नगपूरा बोदरी वि.ख. बिल्हा तह. बोदरी जिला बिलासपुर 1250 वर्गफुट अनुमानित बाजार मुल्य करीब 15 लाख रुपये
04 कुसुम प्रजापति पति मन्नू प्रजापति एवं मन्नू प्रजापति मौजा सिरगिट्टी बिलासपुर तहसील एवं जिला बिलासपुर वार्ड क्र. 07 संत 1428 वर्गफुट भुखण्ड जिस पर मकान निर्मीत है. अनुमानित बाजार मुल्य करीब 40 लाख रुपये
5 मन्नू प्रजापति – मौजा सिरगिट्टी वार्ड क्र. 07 बिलासपुर 1000 वर्गफुट भुखण्ड अनुमानित बाजार मुल्य करीब 10 लाख रुपये
सपंत्ति का विवरण:- वाहन का प्रकार
01 सी.जी. 04 पी.एस. 6855 मो.सा. हार्ले डेविडसन – आरोपी लक्षमण गाईन द्वारा अपने साले के नाम पर क्रय किया है, किस्त आरोपी द्वारा स्वयं जमा किया जा रहा था. कीमत करीब 2 लाख 80 हजार रुपये
02 सी.जी. 04 पी.वी. 6400 टाटा सफारी 7 एस – आरोपी लक्षमण गाईन द्वारा अपने साले के नाम पर क्रय किया है. किस्त आरोपी द्वारा खुद जमा किया जा रहा था. कीमत करीब 20 लाख रुपये
03 सी.जी. 07 सी.जी. 2211 हुण्डई वेन्यू – आरोपी लक्षमण गाईन द्वारा खुद के उपयोग के लिए खरीदा गया है. कीमत करीब 5 लाख रुपये
उक्त कार्यवाही में आरोपियो की गिरफ्तारी और ’’फायनेष्यिल इन्वेस्टीगेशन’’ व ’’इण्ड-टु-इण्ड’’ जांच में शामिल टीम की पुलिस अधीक्षक बिलासपुर द्वारा सराहना की गई है एवं उचित पुरस्कार की घोषणा की गई है.
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