धान नहीं बिकने से परेशान किसान खोमन साहू की आत्महत्या मामले में कांग्रेस ने किया मृतक के परिजनों को 1 करोड़ रुपये मुआवजे देने की मांग

In the case of farmer Khoman Sahu's suicide due to unsold paddy, Congress demanded compensation of Rs 1 crore for the deceased's family.

धान नहीं बिकने से परेशान किसान खोमन साहू की आत्महत्या मामले में कांग्रेस ने किया मृतक के परिजनों को 1 करोड़ रुपये मुआवजे देने की मांग

रायपुर : मोहला-मानपुर-अंबागढ़-चौकी जिला के ग्राम बोहरभेड़ी में कथित तौर पर धान नहीं बिकने से परेशान किसान खोमन साहू की खुदकुशी को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने सरकार प्रायोजित हत्या बताया है. उन्होंने कहा है कि भाजपा सरकार लगातार किसानों के धान नहीं खरीदने का बहाना बना रही है. अड़चने पैदा कर रही है. जिससे किसान परेशान होकर खुदकुशी करने को मजबूर हो रहे हैं.
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि सरकार किसानों का टोकन नहीं कटने दे रही है. रकबा सरेंडर करवा रही है. कोठार सत्यापन करवा कर परेशान कर रही है, जिसकी वजह से किसानो में बेचैनी है और किसान खुदकुशी जैसे घातक कदम उठा रहे है.
बैज ने कहा कि धान खरीदी में गिनती के तीन-चार दिन बचे हैं. अभी तक प्रदेश के 9.5 लाख से ज्यादा किसान धान नहीं बेच पाए हैं. इस वजह से किसानों में अफरा-तफरी का माहौल है. सरकार ने टोकन काटना भी बंद कर दिया है. जिसके कारण किसान हताश हो गए हैं. सरकार खुदकुशी करने वाले किसान के परिजनों को 1 करोड़ का मुआवजा दे.
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा है कि टोकन की समस्या से किसान पूरी धान खरीदी के दौरान जूझते रहे हैं. पिछले दिनों टोकन के लिए सोसायटी के चक्कर काटकर थक चुके महासमुंद जिले के सेंधभाटा के किसान मनोबोध गाडा ने अपना गला रेत लिया था. कोरबा जिले के किसान बैशाखू मरकाम जहर खाने को मजबूर हुए. कल रायगढ़ जिले के खरसिया विकासखंड के बकेली में 15 दिनों से टोकन के लिए भटक रहे किसान कृष्ण कुमार गबेल ने हताश होकर कीटनाशक पी कर आत्महत्या का प्रयास किया. सरकार की अकर्मण्यता और दुर्भावना से किसान बे-मौत मरने मजबूर हैं. टोकन नहीं कटने की वजह से किसानो को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ रहा है. जिससे उन्हें आर्थिक और मानसिक परेशानी हो रही है. धान खराब होने की आशंका है.
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि कांग्रेस पार्टी मांग करती है कि धान खरीदी की तारीख एक महिना बढ़ाई जाए. ऑनलाइन टोकन काटने की बंद प्रक्रिया फिर शुरु की जाए और सभी सोसायटियों में ऑफलाइन टोकन देना भी शुरु किया जाए. सरकार यह सुनिश्चित करें कि प्रदेश के हर किसान का दाना-दाना धान सरकार समर्थन मूल्य पर खरीदी की जाएगी. बैज ने कहा कि किसानों को धान बेचने से रोकने बिना सहमति जबरिया रकबा संरेडर करवा दिया गया. पूर्व से जारी टोकन को निरस्त करवाया गया. हजारों किसान सरकार के इस षड्यंत्र का शिकार हुए.
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