56 दिन में पैसा डबल का झांसा देकर करोड़ों की ठगी, पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी, फरार मास्टरमाइंड हीरा भागवानी गिरफ्तार

Crores of rupees were defrauded by promising to double the money in 56 days, police got a big success, absconding mastermind Hira Bhagwani was arrested.

56 दिन में पैसा डबल का झांसा देकर करोड़ों की ठगी, पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी, फरार मास्टरमाइंड हीरा भागवानी गिरफ्तार

बिलासपुर : शहर की सिंधी कॉलोनी में चर्चित “56 दिन में पैसा डबल” स्कीम का मास्टरमाइंड हीरा भागवानी आखिरकार पुलिस की गिरफ्त में आ गया है. लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी को सिविल लाइन पुलिस ने दबोचकर जेल भेज दिया है. इस पूरे मामले ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर किस तरह भोले-भाले लोग झूठे लालच में आकर अपनी जीवन भर की कमाई गंवा बैठते हैं.
मिली जानकारी के मुताबिक हीरा भागवानी ने कुछ साल पहले निवेशकों को लालच दिया कि अगर वे उसके पास पैसा जमा करेंगे तो सिर्फ 56 दिनों में वह दोगुना रिटर्न देगा. शुरुआत में लोगों ने झिझकते हुए छोटी रकम लगाई. चौंकाने वाली बात यह थी कि शुरुआती कुछ निवेशकों को तय समय पर वास्तव में दोगुना पैसा लौटाया गया.
इससे इलाके में तेजी से स्कीम की चर्चा फैल गई. लोग इसे “आसान कमाई का सुनहरा मौका” मानकर बड़ी-बड़ी रकम लगाने लगे. धीरे-धीरे दर्जनों परिवार इस जाल में फंस गए.
जैसे-जैसे भरोसा बढ़ा, वैसे-वैसे निवेश की रकम भी करोड़ों तक पहुंच गई. लेकिन कुछ महीनों बाद असलियत सामने आनी शुरु हुई. कई निवेशकों को न तो तय समय पर पैसा मिला और न ही कोई संतोषजनक जवाब. जब शिकायतें बढ़ीं तो हीरा भागवानी अचानक फरार हो गया.
पीड़ितों का कहना है कि इस स्कीम में उन्होंने अपनी जमापूंजी, गहने बेचकर मिले पैसे, यहां तक कि कर्ज लेकर भी निवेश किया था. लेकिन सब पैसा डूब गया.
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विशेष टीम गठित की और हीरा भागवानी की तलाश शुरु की. महीनों की मशक्कत और तकनीकी जांच के बाद आख़िरकार उसे दबोच लिया गया. फिलहाल पुलिस ने उसे जेल भेज दिया है और अब उसके नेटवर्क और अन्य सहयोगियों की तलाश की जा रही है.
इस ठगी से प्रभावित परिवार आज आर्थिक और मानसिक संकट से जूझ रहे हैं. कई लोगों की हालत यह है कि बच्चों की पढ़ाई रुक गई. व्यापार चौपट हो गया और गृहणियों की वर्षों की बचत भी चली गई. कुछ पीड़ित तो अब इंसाफ की उम्मीद में कोर्ट-कचहरी और थानों के चक्कर लगा रहे हैं.
एक निवेशक ने बताया कि “शुरु में जब पैसा डबल होकर मिला तो लगा कि सच में किस्मत चमक गई. लेकिन बाद में जो हुआ. उसने हमें पूरी तरह बर्बाद कर दिया. अब न पैसा मिला, न भरोसा बचा.”
वित्तीय मामलों के जानकारों का कहना है कि “जल्दी अमीर बनने” का लालच इंसान को सबसे ज्यादा धोखा देता है. ऐसी स्कीमें पोंजी स्कीम कहलाती हैं. जिसमें शुरुआत में पुराने निवेशकों को नए निवेशकों के पैसों से रिटर्न दिया जाता है. जैसे ही नए निवेशक आना बंद होते हैं. पूरी योजना ढह जाती है और लोग ठगे जाते हैं.
सिविल लाइन पुलिस ने लोगों से अपील किया कि वे किसी भी अनजान स्कीम या व्यक्ति पर भरोसा न करें. निवेश से पहले उसकी वैधता, रजिस्ट्रेशन और बैंकिंग अनुमतियों की जांच जरुर करें. पुलिस ने चेतावनी दी है कि “पैसा दोगुना” या “कम समय में ज्यादा मुनाफा” देने वाली स्कीमें 99% धोखाधड़ी ही होती हैं.
यह पूरा मामला समाज को यह सीख देता है कि आसान पैसे का लालच अक्सर जीवन भर की मेहनत पर पानी फेर देता है. जरुरत है जागरुकता की और ऐसे लालचों से बचने की..
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/LEzQMc7v4AU8DYccDDrQlb?mode=ac_t