अपनी और बहनों की शादी न होने का गुस्सा युवक ने भगवान पर उतारा, शिव मंदिर में की तोड़फोड़, पुलिस ने किया आरोपी नरेन्द्र को किया गिरफ्तार
The young man took out his anger on God for not getting his and his sisters married, vandalized the Shiv temple, police arrested the accused Narendra
बालोद : बालोद जिले के ओरमा गांव में स्थित एक शिव मंदिर में तोड़फोड़ की सनसनीखेज घटना का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. जिसने एक अजीबोगरीब वजह से इस घटना को अंजाम दिया. आरोपी अपनी और अपनी दो बहनों की शादी न होने के लिए भगवान को दोषी मानता था और इसी गुस्से में उसने मंदिर में शिवलिंग और नंदी की मूर्ति को खंडित कर दिया.
मिली जानकारी के मुताबिक प्रार्थी नेमलाल साहू पिता बुध्दलाल साहू उम्र 49 साल ने रिपोर्ट दर्ज कराया कि ग्राम ओरमा वार्ड क्रमांक 1 में स्थिति तालाब के पास शिवलिंग और नंदी की मूर्ति गांव की मदद स्थापित किया गया था. जिसमें गांव के लोग पूजा अर्चना करते हैं. 23 जुलाई 2025 के करीबन रात 11 बजे तक गांव के लोग वहां पर बैठे थे. तब तक मंदिर में स्थित शिवलिंग और नंदी का मूर्ति सही था. लेकिन 24 जुलाई 2025 को सुबह 5 बजे गांव के लोग पुजा करने गये तो देखा कि मंदिर में तोड़फोड़ कर नुक्सान पहुंचाया गया है.
इस रिपोर्ट पर थाना बालोद में अपराध क्रमांक 301/2025 धारा 298 बीएनएस कायम कर मामला जांच में लिया गया. इस मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक बालोद योेगेश पटले के मार्गदर्शन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बालोद मोनिका ठाकुर के पर्यवेक्षण में पुलिस अनुविभागीय अधिकारी बालोद देवांश सिंह राठौर और थाना प्रभारी बालोद निरीक्षक शिशुपाल सिन्हा के नेतृत्व में थाना एवं सायबर सेल बालोद की टीम गठित किया गया था.
खबर मिलते ही एसडीओपी बालोद, थाना प्रभारी बालोद और सायबर के स्टाफ घटनास्थल पहुंचे. घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर ग्रामीणों से जानकारी ली गई और ग्रामीणों को आरोपी की गिरफ्तारी जल्द से जल्द गिरफ्तार करने आश्वासन देकर किसी भी तरह की जानकारी होने पर पुलिस को अवगत कराने के बारे में समझाइश दी गई.
पुलिस द्वारा लगातार आरोपी की पतासाजी करने के बाद संदेही नरेन्द्र निषाद उर्फ लल्लू पिता रामलाल निषाद उम्र 38 साल निवासी शीतला पारा ग्राम ओरमा थाना और जिला बालोद को पुछताछ किया जो गोलमोल जवाब दे रहा था. जिसे बारीकी से पुछताछ करने पर आखिरकार टूटकर बताया कि 23 जुलाई 2025 को यह राज मिस्त्री काम कर शराब पीकर अपने ग्राम ओरमा गया, ग्राम ओरमा में भी शराब पीया और घर में खाना खाकर आराम करते सोचने लगा कि मेरी शादी और मेरी दो बहनों की शादी नहीं हो रही है. इस बात के लिए भगवान दोषी है. सोचकर गुस्से में करीब 12 बजे ग्राम ओरमा के शिव मंदिर में मूर्ति खंडित कर तालाब में फेंक दिया और मनोज निषाद के साथ पूर्व में हुए विवाद की गुस्सा से मनोज निषाद के चार नग सायकल को तालाब में फेंक दिया. आरोपी द्वारा जुर्म कबुल करने पर गिरफ्तार किया गया है. जिसे न्यायिक रिमांड पर भेजा जाता है.
ताजा खबर से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/LNzck3m4z7w0Qys8cbPFkB



